सूटकेस में घुटनों का दम और अनजान कमरों में आंसू: एक सोलो ट्रैवलर का दर्दनाक सच

सूटकेस में घुटनों का दम और अनजान कमरों में आंसू: एक सोलो ट्रैवलर का दर्दनाक सच · Avonetics
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सफर के सपने हर किसी को सुहाने लगते हैं, लेकिन जब हर ट्रिप से पहले पैकिंग एक जंग बन जाए और मंजिल की पहली रात आंसुओं में बीते, तो वही सफर एक कड़वी सजा जैसा लगने लगता है।
एक सोलो यात्री ने अपनी आपबीती साझा करते हुए बताया कि कैसे एक छह इंच ऊंचा मेडिकल वेज पिलो उनकी पूरी यात्रा की सबसे बड़ी सिरदर्दी बन चुका है। पॉट्स (POTS) नामक स्वास्थ्य समस्या के चलते उन्हें सिर ऊंचा करके सोना पड़ता है। लेकिन इस भारी-भरकम सख्त फोम के तकिए को सामान्य सूटकेस में ठूंसना लगभग नामुमकिन साबित हो रहा है।
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यात्री बताते हैं कि तकिए को दबाने के लिए उन्हें उस पर घुटनों के बल बैठना पड़ता है। जैसे ही वे हाथ हटाते हैं, फोम स्प्रिंग की तरह उछल जाता है। रिबन बांधने की कोशिशें नाकाम हो चुकी हैं। वैक्यूम बैग एक विकल्प है, लेकिन होटल के कमरे में दोबारा पैकिंग करते समय वैक्यूम पंप कहाँ से आएगा? अकेले यात्रा करते हुए दो सूटकेस, एक सांस लेने वाली मशीन और दवाओं का थैला संभालना अपने आप में एक भारी इम्तिहान है।
इस परेशानी को देखकर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। एक व्यक्ति ने तुरंत सलाह दी कि इतने बड़े फोम के पीछे भागने के बजाय हवा से फूलने वाला इन्फ्लेटेबल वेज पिलो खरीद लेना चाहिए। वहीं एक अन्य साथी का कहना था कि बाजार में हथेली जितने छोटे रिचार्जेबल वैक्यूम पंप मिलते हैं, जिन्हें साथ रखकर तकिए को आसानी से किसी भी होटल में सील किया जा सकता है।
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लेकिन इस कहानी का असली दर्द शारीरिक थकान से कहीं गहरा है। सामान पैक होते ही यात्री पर गहरे डिप्रेशन और एंग्जायटी का साया मंडराने लगता है। वे बताते हैं कि जैसे ही वे किसी अनजान होटल के कमरे में कदम रखते हैं, पहली रात बिस्तर पर केवल रोते हुए कटती है।
घर पर छूटे अपने प्यारे कुत्ते की याद और ओसीडी के चलते अनहोनी का डर उन्हें अंदर से खोखला कर देता है। साल में केवल एक बार निकलने के बावजूद यह खौफ कभी कम नहीं होता। दुनिया मानती है कि छुट्टियां हर जख्म भर देती हैं, लेकिन डिप्रेशन का इलाज किसी भी लग्जरी रिसॉर्ट में नहीं मिलता।
क्या मेडिकल जरूरतों के साथ सोलो सफर करना सचमुच इतना अकेला कर देने वाला है? हमारे पॉडकास्ट के होस्ट्स ने इस अनकही कहानी की हर परत को कुरेदा है।